मेरी कुंवारी बहन मेरे दोस्त से चुद गयी

वर्जिन चुदाई स्टोरी मेरी छोटी बहन की है, जो मैंने पहले अपनी आंखों से देखी. असल में मेरी बहन पहली बार कॉलेज गयी तो मेरे दोस्त से मिली. दोनों पहली बार में आपस में सेट हो गये.

फ्रेंड्स, मेरे परिवार में हम 4 लोग रहते हैं. मैं, मेरी मॉम, मेरी बहन और डैड.

मेरे डैड एक डॉक्टर हैं तो वे अपना लगभग सारा समय अस्पताल में ही बिताते हैं.

अब आपको मेरी मॉम और बहन के बारे में बताता हूँ.
मेरी मॉम का नाम मधु है और उनकी उम्र 41 साल है.
उनका फिगर 32-28-35 है. वे देखने में बहुत ही ज्यादा सुंदर हैं और खुद को बहुत मेंटेन करके रखती हैं.

उनकी गांड और फिगर बहुत परफेक्ट हैं और उनके बूब्स मीडियम साइज के हैं लेकिन शेप परफेक्ट और गोल-मटोल है.
वे खुद को इतना ज्यादा मेंटेन रखती हैं कि क्या बताऊं.

मेरी प्यारी बहन का नाम रश्मि है, उसकी उम्र 19 साल है. वह मेरी मॉम जैसी ही है … एकदम परफेक्ट माल.
वह हमेशा छोटे-छोटे कपड़ों में ही रहती है, जिससे उसका शरीर और उभार साफ-साफ दिखते हैं.

यह वर्जिन चुदाई स्टोरी मेरी मम्मी की नहीं, मेरी बहन की पहली चुदाई की है.

एक रात मैं पानी पीने के लिए उठा तो देखा कि मेरी बोतल खाली थी.

मैं किचन में जाने लगा तो नजर पड़ी कि मॉम के रूम का दरवाजा खुला था.
मैंने धीरे से झाँककर देखा, तो पागल सा हो गया.

मैंने देखा मॉम की साड़ी उनके पैरों तक चढ़ी हुई थी.
शायद वह सोते समय पंखे की हवा से धीरे-धीरे ऊपर खिसक गई होगी.

मॉम को ऐसी हालत में देखकर मेरा लंड तुरंत खड़ा हो गया.

मैं सोचने लगा कि मॉम की चूत कैसी होगी … दूसरी औरतों की तरह काली और बालों वाली, या गोरी और चिकनी?
अब मैं धीरे-धीरे मॉम के पास जाने लगा.

पास पहुंच कर देखने लगा, लेकिन लाइट न होने की वजह से कुछ साफ नहीं दिख रहा था.
जब मैंने गौर से देखा, तो पता चला कि मॉम ने पैंटी पहनी हुई है.

मैंने सोचा कि पैंटी उतारने की कोशिश करता हूँ.
जैसे ही मैं मॉम को छूने वाला था, मॉम हिल गईं और मैं घबरा कर उनके रूम से बाहर भाग आया.

अब मैं अपने कमरे में गया और हस्तमैथुन शुरू कर दिया यह सोचते हुए कि मुझे अपनी मॉम के साथ सेक्स करने के लिए एक प्लान बनाना होगा.
हस्तमैथुन करने के बाद मैं सो गया.

सुबह उठा और किचन में गया जहां मेरी मॉम नाश्ता बना रही थीं.
उन्होंने योगा हाफ पैंट्स और एक टॉप पहना हुआ था.

मैं उन्हें पीछे से देख रहा था कि वे पीछे से कितनी फिट और सेक्सी दिख रही हैं.
उन्हें देखकर अन्दर ही अन्दर खुश हो रहा था, खुद से सोच रहा था कि अगर मॉम की चूत एक बार चोदने मिल जाए, तो जन्नत देखने जैसा होगा.

तभी मेरी बहन आई, वह शॉर्ट्स और एक टॉप पहनी हुई थी और बहुत आकर्षक लग रही थी.
उसने मुझे याद दिलाया कि आज कॉलेज का पहला दिन है और हमें देर नहीं करनी चाहिए.

तभी मॉम ने बताया कि डैड जल्दी ही अपने काम के लिए लंदन जा रहे हैं और 2-3 महीने में वापस आएंगे.
मैंने कहा- ठीक है.

फिर हम दोनों ने नाश्ता किया और कॉलेज के लिए चले गए.

कॉलेज पहुंचने के बाद मैं अपनी क्लास में चला गया और रश्मि अपनी क्लास में चली गई.

मेरी क्लास में मैंने एक नए दोस्त रम्मी (उम्र 22 साल) से मुलाकात की.
कॉलेज खत्म होने के बाद मैंने रम्मी को अपनी बहन से मिलवाया.

रम्मी ने जब उसे देखा तो उसकी नजर रश्मि से हटने का नाम ही नहीं ले रही थी.
दोनों ने हाथ मिलाया और रश्मि मुस्कुरा दी.

रश्मि- हाय … मेरा नाम रश्मि है!
रम्मी- हाय … मेरा नाम रम्मी है!
रश्मि- वाह … हम दोनों के नाम तो बहुत मिलते-जुलते हैं!

थोड़ी देर दोनों ने इधर-उधर की बातें कीं.

फिर रश्मि बोली- अच्छा रम्मी, मैं घर जा रही हूँ. बाय.

वह चली गई.

मैंने रम्मी की तरफ देखा.
मुझे उसका इरादा कुछ ठीक नहीं लगा.

रम्मी ने मुझसे कहा- भाई, हमारे ग्रुप के दोस्त मेरे घर पर एक पार्टी रख रहे हैं. तू और तेरी बहन आज रात उस पार्टी में इन्वाइट हो … आ जाना रात 8 बजे … ओके!

मैं पार्टी का नाम सुनकर खुश हो गया और और बोला- ठीक है!

घर पहुंच कर मैंने अपनी बहन रश्मि को बताया कि आज रम्मी के घर पार्टी है और हमें जाना है.
उसने कहा- ठीक है.

फिर मैं अपने रूम में चला गया और गेम्स खेलने लगा.

जब आठ बजने में सिर्फ 30 मिनट बाकी थे तो मैं रश्मि के पास जाकर बोला कि जल्दी तैयार हो जाओ.

वह ओके बोली और तैयार होने लगी.
मैं भी तैयार हो गया.

जब मैं नीचे आया, तो देखा कि रश्मि ने सुबह वाले ही कपड़े पहने थे, बस थोड़ा मेकअप किया हुआ था.

हम दोनों बस पकड़ कर रम्मी के घर के लिए निकल गए.

रम्मी के घर पहुंच कर मैंने उसके दरवाजे की घंटी बजाई.
रम्मी ने दरवाजा खोलकर हमारा स्वागत किया.

जैसे ही मैं अन्दर गया तो देखा कि वहां सिर्फ दो लोग और थे.
एक लड़की और एक लड़का.

लड़की का नाम वसु था और लड़के का नाम अजय.

मैंने रम्मी से पूछा- बाकी सब कहां हैं?
तो उसने कहा- ये सिर्फ हमारे छोटे ग्रुप की पार्टी है. इसमें मैं ज्यादा लोगों को नहीं बुलाता हूँ.

फिर रम्मी ने बीयर और वाइन निकाली.

वह सब देख कर रश्मि बोली- मैं ये सब नहीं पीती!
रम्मी उसे मनाने लगा- अरे एक बार से क्या होता है.

इस बार वसु बोली- पी लो रश्मि, मजा आएगा.

रश्मि ने मुझे देखा और मैंने भी कह दिया- हां पी लो.
फिर हम दोनों ने एक-एक बीयर पी ली.

रम्मी ने कहा- चलो ट्रुथ ओर डेयर खेलते हैं … सब तैयार हो जाओ.
सब रेडी हो गए.

रम्मी ने बीयर की खाली बोतल घुमाई और बोतल वसु की तरफ रुक गई.

रम्मी- ट्रुथ ओर डेयर?
वसु- डेयर!

रम्मी- अपनी पैंटी उतार कर रख दो!
वसु- बस इतना सा? ठीक है!

मैं और रश्मि ये सुनकर शॉक हो गए, लेकिन वसु ने सचमुच अपनी पैंटी उतार दी.
उसने हरे रंग की पैंटी पहनी थी.

फिर बोतल दोबारा घूमी और मेरी तरफ रुक गई.

मैंने कहा- ट्रुथ!
रम्मी- कभी तूने अपनी मॉम को चोदने के बारे में सोचा है?

मैं- ये कैसा सवाल है यार?
रम्मी- अरे वसु ने तो पैंटी उतार दी, ये तो सिर्फ सवाल है!

मैंने शर्माते हुए कह दिया कि हां … एक बार!

रश्मि को ये सुनकर जोर का झटका लगा और वह मेरी तरफ हैरानी से देखने लगी.

फिर एक बार और बोतल घुमाई गई और इस बार बोतल रश्मि पर रुक गई.

रश्मि कुछ सोचने लगी कि अगर ट्रुथ लिया तो ये लोग अजीब-अजीब सवाल पूछकर मुझे शर्मिंदा कर देंगे!

रश्मि- डेयर!
अजय- रम्मी को होंठों पर एक किस करो!

मुझे अब ऐसा लग रहा था कि ये सारा मामला रम्मी ने ही प्लान किया होगा ताकि वह मेरी बहन पर लाइन मार सके.
लेकिन अब बहुत देर हो चुकी थी.

रश्मि रम्मी के सामने आई और उसने अपने गुलाबी होंठ उसके होंठों से मिला दिए.
दोनों एक-दूसरे के होंठ चूम रहे थे और अपनी-अपनी जीभ से खेल रहे थे.

ये नजारा देखकर सबके मुँह खुले के खुले रह गए.
वे दोनों ऐसे लगे हुए थे जैसे प्यार की कोई नई कहानी शुरू होने वाली हो.

मैं- हो गया ना … बस एक किस करनी थी!
रश्मि रम्मी से दूर हो गई.

अब गेम बहुत आगे तक चल चुका था और हम सब अपने अपने ऊपर के कपड़े उतार चुके थे.

फिर से बोतल घूमी और अजय पर रुक गई.
अजय ने डेयर चुना.

वसु ने अजय से कहा- रश्मि के शॉर्ट्स उतार कर उसकी पैंटी के ऊपर से उसकी चूत चाटो.

रम्मी को ये सुनकर बुरा लगा लेकिन अजय तो मानो खुशी से पागल हो रहा था.

वह रश्मि के पास गया और उसके शॉर्ट्स को उतार दिया.

रश्मि ने ट्रांसपेरेंट पैंटी पहनी थी, जिससे उसकी चूत साफ-साफ दिख रही थी.

अजय ने अपना मुँह रश्मि की पैंटी के पास ले जाकर जीभ चलानी शुरू कर दी.

रश्मि का चेहरा देखकर लग रहा था कि उसे भी मजा आ रहा है!
वह मदभरी सिसकारियां लेती हुई कराह रही थी ‘ऑफ्फ … आहहह … म्म्म … ओहोहो!’

अजय ने चाट-चाटकर रश्मि की पूरी पैंटी गीली कर दी थी.
तभी रम्मी बोला- अब गेम खत्म करते हैं.

सबने अपने कपड़े पहन लिए.
रश्मि वॉशरूम में चली गईं.

ठीक उसी समय रम्मी के डैड वहां आ गए.
वे बहुत मोटे और गंदे दिख रहे थे, शायद दारू भी पीकर आए थे.

उनकी उम्र शायद 42-45 साल की रही होगी.
उनके मुँह से शराब की बहुत गंदी बदबू आ रही थी.

वे एक नजर वसु को वासना से देख कर बिना कुछ बोले अपने कमरे में चले गए.
रम्मी बोला- मैं डैड को देखकर आता हूँ.

वसु, अजय और मैं इधर-उधर की बातें करने लगे.
हमें पता ही नहीं चला कि कब 9 बज गए.

लेकिन रम्मी और मेरी बहन अभी तक नहीं आए.
मैंने सोचा कि मैं देखकर आता हूँ.

मैं बहाना बनाकर वहां से निकल गया.

मैं वॉशरूम के पास गया, लेकिन वहां मेरी बहन नहीं थी.
तभी मैंने ध्यान दिया तो बाजू वाले कमरे से मेरी बहन की आवाज आ रही थी.

मैंने उस कमरे के नजदीक जाकर जो देखा, उसे देखता ही रह गया.

मेरी बहन बिस्तर पर लेटी थी और रम्मी मेरी बहन की चूत चाट रहा था.
रश्मि- ओहो रम्मी … थोड़ा ऊपर चाटो न … ह्न्न्न्न … हां … ठीक यहीं … मेरी चूत को चूस लो!
रम्मी- दस मिनट से तेरी चूत ही चाट रहा हूँ लवड़ी … अब मुझे चोदना है तुझे … देख, मेरा लंड कैसे खड़ा हो रहा है … साला तेरी चूत फाड़ने के लिए फनफना रहा है.

रम्मी शायद काफी देर से मेरी बहन की चूत चाट रहा था.

मैं ये सब खड़ा-खड़ा देख रहा था और मेरा लंड भी पैंट में टाइट हो गया.

अब मैं भी चाहता था कि रम्मी मेरी बहन की चुदाई करे और मैं सब देखकर मुट्ठ मारूँ.

फिर रम्मी ने अपनी पैंट उतारी, उसने अंडरवियर भी उतार कर फेंक दी और रश्मि की जांघों को चूमते हुए उसकी चूत पर लंड रख दिया.
वह मेरी बहन की चूत के ऊपर अपना लंड रख कर चुत को रगड़ने व सहलाने लगा.

रश्मि- उफ़्फ़्फ़ … आहहहह … म्म्म्म्म … रम्मी, डाल दो ना!

रम्मी ने हल्का सा धक्का देते हुए मेरी बहन रश्मि की चूत में अपना लंड थोड़ा सा डालने का प्रयास किया लेकिन वह अन्दर नहीं जा रहा था.

रम्मी- तू वर्जिन है? अब तक किसी के साथ चुदाई नहीं की है?
रश्मि- नहीं … तुम पहले हो!
रम्मी- अरे वाह मेरी जान … तेरी वर्जिनिटी तो मैं ही तोड़ूँगा.

रम्मी ने फिर से रश्मि की चूत में अपना लंड थोड़ा सा घुसाया और दूसरी बार में अपना पूरा लंड डाल दिया.

रश्मि- आहहह … रुक आह … दर्द हो रहा है आह.
मगर रम्मी नहीं रुका वह धकापेल धक्के देता गया.

मेरी बहन रश्मि की चूत से खून निकल रहा था और रम्मी रश्मि को मिशनरी पोजीशन में जोर-जोर से धक्के देकर चोद रहा था.

रश्मि- आह हहह … म्म्म्म्म … होओओओ … फ़क आह!

उस कमरे में सिर्फ रश्मि की कामुक सिसकारियां और थप-थप की आवाजें गूँज रही थीं.

करीब बीस मिनट बाद जब रम्मी झड़ने वाला था, तब वह बोला- रश्मि … आह … आह … तेरी चूत में ही छूट जाऊं क्या?

वे दोनों बिना कॉन्डम के सेक्स कर रहे थे.

रश्मि- आई … आह … नहीं … बाहर निकाल लो!

यह सुनकर रम्मी ने रश्मि की चूत से अपना लंड निकाल कर उससे कहा- अपने मुँह में लो और मेरा स्पर्म टेस्ट करो!

रश्मि ने रम्मी का लंड मुँह में ले लिया और रम्मी झड़ गया.
मेरी बहन रश्मि ने उसका सारा स्पर्म पी लिया.

फिर उन दोनों ने अपने कपड़े पहने और बाहर आने की बात करने लगे.

रश्मि- चलो, कहीं मेरा भाई हमें देख न ले!
रम्मी- ठीक है, लेकिन तुम्हारी पैंटी मैं रख रहा हूँ … मुट्ठ मारने के लिए.

रश्मि हंस कर बोली- अच्छा … ठीक है.

मैं वहां से भागकर बाहर आ गया ताकि वे लोग मुझे देख न लें.

फिर रम्मी और रश्मि बाहर आ गए.

रश्मि मुझसे बोली- चलो भाई.
मैंने कहा- अच्छा ठीक है, चलते हैं!

रास्ते में मैंने रश्मि से कहा- कैसा लगा रम्मी?
वह मुझे देखने लगी.

मैंने कहा- मैंने तुम दोनों को सेक्स करते देख लिया है.
वह घबरा गई और बोली- प्लीज भाई घर पर मत बताना!

मैंने कहा- बदले में मुझे क्या मिलेगा?
वह हंस दी और बोली- मॉम को पेलने की सोच रहे हो न … मैं मदद कर दूँगी.

उसकी इस बात पर मैं एकदम से खुश हो गया और मैंने कह दिया कि यदि तू मेरा ये काम करवा देगी तो मैं खुद रम्मी को तेरे लिए लेकर आऊंगा और उससे तू खुल कर सेक्स कर लेना.

वह मंद मंद मुस्कुराने लगी और धीरे से बोली- मॉम को तो तुम मिल जाओगे भाई, मगर मैं भी तो आपके साथ खुश होना चाहती हूँ!
यह सुनकर मैंने अपनी बहन को अपने आगोश में ले लिया.

दोस्तो, आपको वर्जिन चुदाई स्टोरी कैसी लगी है. प्लीज कमेंट्स करके बताएं.
मेल आईडी है
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